जालंधर (Public Updates TV): नगर निगम के आदेशों को नजरअंदाज कर बांसल स्वीट्स ने एक के बाद एक कानून तोड़ने वाले कदम उठाए हैं। पहले अवैध निर्माण, और अब सरकारी जमीन पर लगे दशकों पुराने पेड़ों को बिना अनुमति काटने का मामला सामने आया है।
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स्थानीय लोगों और पर्यावरण कार्यकर्ताओं का कहना है कि यह पूरी कार्रवाई नगर निगम की मिलीभगत से की गई है, क्योंकि इतनी बड़ी हरियाली को नुकसान पहुंचाना बिना प्रशासनिक सहमति के संभव नहीं।
जहां बल्टन पार्क जैसे सरकारी प्रोजेक्ट्स में पेड़ काटने के लिए कोर्ट से इजाज़त ली जा रही है, वहीं बांसल स्वीट्स ने किसी भी कानूनी प्रक्रिया के बिना हरियाली पर कुल्हाड़ी चला दी है। अब इस पूरे मामले में शिकायत दर्ज कराने की तैयारी हो रही है और प्रशासन पर कार्रवाई का दबाव बढ़ता जा रहा है।
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